Mukabala hi karna tha to... #मुक़ाबला ही #करना था तो #इश्क़ का करती #मोहतरमा …. हुशन पे क्या #इतराना जिसकी #औक़ात ही #बिस्तर तक हो… Email ThisBlogThis!Share to XShare to Facebook